उसने गांधी को क्यों मारा ?
वैचारिक उथल पुथल और जिज्ञासा की ख़ुराक़ है -"उसने गांधी को क्यों मारा?" गांधी अपने समय से हमारे समय तक के सबसे चर्चित नाम है. गांधी इसीलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि महात्मा गांधी के अतिरिक्त एक पक्ष वकालत की डिग्री लिए हुए वकील मोहनदास करमचंद गांधी भी का है. जो व्यक्ति के हृदय परिवर्तन में विश्वास करते है.कट्टरपंथी समुदायों के लिए गांधी और गांधी के जैसे लोग राह के रोड़े है इस बात में कोई दोराय नहीं है. ध्यान रहे कट्टरपंथी का तात्पर्य सिर्फ एक समुदाय से नहीं अपितु दोनों अथवा सभी कट्टरपंथीयो के मूल में निहित भावना से है. आम जीवन मे गांधी के आलोचक लगभग वही लोग है जिन्होंने गांधी के जीवन के 'कवर पृष्ठ' को देखा तक नहीं है. रटे रटाये तर्कों और अंधभक्ति के सीने पर बैठकर गोली चलाते ये लोग लगभग अनभिज्ञ है. गांधी को गाली देना देश को गाली देना है और खुद की आत्मा के साथ खिलवाड़ तो है ही. गांधी जी का वैचारिक प्रभाव इस कदर तक था कि लोग गांधी से मिलने के बाद आदतें बदल डालते और आदतें उनका जीवन. लोगों ने सीमित समय गुजारकर गांधी के जीवन और व्यवहार पर पुस्तकें लिख दी और यह गांधी का ही प्रभा...